भारत में हर राज्य में सीएम या मुख्यमंत्री राज्य का मुखिया होता है। जहां भारत में Male सीएम ने देश की राजनीति में योगदान दिया है वहीँ महिला नेता या मुख्यमंत्री भी किसी से कम नहीं रहे। भारत में आज तक 16 महिला नेता सीएम बन चुकी हैं। ये सीएम किसी एक ही राज्य से नहीं बल्कि अलग-अलग राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशो से है। इस पोस्ट के माध्यम से ये जानने की कोशिश करते हैं कि भारत में किस महिला नेता के नाम कम उम्र और किस महिला के नाम अधिक उम्र में मुख्यमंत्री बनने का रिकॉर्ड है।
भारत में किसी भी राज्य में अब तक सबसे कम उम्र में और सबसे अधिक उम्र में चुनी जाने वाली महिला मुख्यमंत्री :-
1. सबसे कम उम्र में बनी थी शशिलता काकोडकर सीएम | सबसे युवा महिला सीएम बनने का रिकॉर्ड शशिलता काकोडकरके नाम :-
भारत में जहां सबसे कम और युवा सीएम बनने का रिकॉर्ड हसन फारुख मरिकार के नाम है वहीं भारत में अगर सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की बात करें तो सबसे कम और सस्बे युवा उम्र में महिला मुख्यमंत्री बनने का रिकॉर्ड गोवा की दूसरी मुख्यमंत्री शशिलता काकोडकर के नाम है। गोवा की पहली महिला सीएम शशिलता काकोडकर का जन्म सात जनवरी 1935 में हुआ था और जब वह गोवा की दूसरी सीएम तब तारीख 12 अगस्त 1973 थी। शशिलता काकोडकर ने जब मुख्यमंत्री पद संभाला था तब उनकी उम्र 38 वर्ष थी।
2. भारत में सबसे अधिक उम्र में महिला मुख्यमंत्री बनने का रिकॉर्ड है गुजरात की पूर्व आनंदीबेन पटेल :-
भारत में सभी महिला मुख्यमंत्रियों में सबसे बुजुर्ग और अधिक उम्र में महिला मुख्यमंत्री बनने का रिकॉर्ड गुजरात पूर्व सीएम आनंदीबेन पटेल के नाम है। नरेंद्र मोदी के बाद गुजरात राज्य की मुख्यमंत्री एक महिला मुख्यमंत्री थी जिसका नाम आनंदीबेन पटेलथा और यह गुजरात की पहली महिला मुख्यमंत्री थी आनंदीबेन पटेल का जन्म 21 नवंबर 1941 में हुआ था। एक अध्यापक रही आनंदीबेन पटेल 22 मई 2014 में गुजरात की सीएम बनी थी तब वह 72 साल और 6 की उम्र की थी।
भारत की अन्य महिला सीएम की सूची जो बनी कम या अधिक उम्र में सीएम :-
1. मायावती की भारत जुझारू नेता है और बसपा की नेता है जो भारत के उत्तर प्रदेश राज्य के 17 वीं मुख्यमंत्री बनी थी। मायावती का जन्म जनवरी 15, 1956 था और आज तक अविवाहित रहकर राजनीति में भागीदारी निभा रही हैं। जब मायावती 3 जून 1995 में उत्तर प्रदेश की पहली बार सीएम बनी तो उनकी उम्र 39 साल 4 महीने और 19 दिन थी।
2. सुचेता कृपलानी भारत की पहली सीएम बनी थी और उनका जन्म 25 जून1908 में हुआ था। आजादी के लिए योगदान देने के साथ वह राजनीतिक गलियारे बढ़कर जब वह 2 अक्टूबर 1963 उत्तर प्रदेश की सीएम बनी तो उनकी उम्र 55 वर्ष 3 महीने और 7 दिन थी। अगर 1963 की बात करें या इसके पहले सुचेता कृपलानी ही युवा महिला सीएम और कम उम्र की सीएम थी।
3. उत्तर प्रदेश की ही एक महिला नेता थी जो उत्तर प्रदेश की सीएम बनी थी और उसका नाम था नंदनी सत्पथी, जो उत्तर प्रदेश की प्रदेश की दूसरी महिला सीएम थी। इस महिला मुख्यमंत्री का जन्म 9 जून 1931 में हुआ था और उन्होंने पहली बार 14 जून 1972 में सीएम पद की शपथ ग्रहण की थी। जब नंदनी सत्पथी ने पहली बार सीएम की शपथ ग्रहण की तो वह 41 वर्ष 5 महीने और 24 दिन की थी।
4. भारतीय जनता पार्टी की महिला नेता जिसका निधन हो चूका है दिल्ली की पांचवीं मुख्यमंत्री के रूप में चुनी गई थी। वह दिल्ली की पहली महिला सीएम थी। हरियाणा जन्मी सुषमा स्वराज का जन्म 14 फरवरी 1952 में हुआ था। संस्कृत और पोलिटिकल साइंस में डिग्री लेकर उन्होंने में लॉ भी की थी। जब राजनीति प्रवेश किया तो पांच साल तक हरियाणा के लिए हरियाणा लेजिस्लेटिव असेंबली के लिए काम किया। सुषमा स्वराज का जन्म 1952 में हुआ था और वह 12 दिसंबर 1998 में दिल्ली की सीएम बनी थी। जब वह दिल्ली की सीएम बनी तब उनकी उम्र 46 वर्ष 9 महीने 28 दिन थी। दिल्ली की युवा महिला सीएम बनने का रिकॉर्ड सुषमा स्वराज के नाम है।
5. शीला दीक्षित दिल्ली ही नहीं पुरे भारत में सबसे अधिक समय के लिए एक महिला सीएम के रूप में दिल्ली में कार्यरत रही। शीला दीक्षित ने राजीव गाँधी के समय राजनीति में कदम रखे और उनका जन्म 31 मार्च 1938 में हुआ था। शीला दीक्षित ने जब पहली बार 3 दिसंबर 1998 में दिल्ली का का मुख्यमंत्री पद ग्रहण किया था तब वह 59 वर्ष 11 महीने और 3 दिन की थी।
6. वी एन जानकी रामचंद्रन तमिलनाडु की प्रथम और महिला सीएम और चौथे नंबर की सीएम थी। वह एक मशहूर अभिनेत्री भी थी। वी एन जानकी रामचंद्रन का जन्म 23 सितम्बर 1924 में हुआ था। अभिनेता में अपना नाम चमकाने के बाद जब वह सात जनवरी 1988 में तमिलनाडु की पहली महिला सीएम बनी तब उनकी आयु 63 वर्ष 3 महीने और 15 दिन थी।
7. तमिलनाडु की जानी मानी एआईडीएमके की के नाम भारत में सबसे ज्यादा बार सीएम बनने का रिकॉर्ड कायम है जिन्होंने 6 बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ग्रहण की थी। तमिलनाडु की दूसरी महिला नेता और सीएम का जन्म 24 फरवरी 1948 था। अभिनय साथ जब राजनीति में आई तो उन्हें 14 मई 2001 में तमिलनाडु बनाया गया। जयराम जयललिता जब पहली बार तमिलनाडु की सीएम बनी तो उनकी उम्र 53 वर्ष 2 महीने और 20 दिन थी।
8. पंजाब की एकमात्र महिला सीएम रही राजिंदर कौर भट्ठल भी महिला नेता की सूची में आती है। वह इंडियन नेशनल कांग्रेस की महिला नेता है राजिंदर कौर भट्ठल का जन्म 30 सितम्बर 1948 में हुआ था। जब राजिंदर कौर भट्ठल को 21 नवंबर 1996 में पंजाब की पहली महिला सीएम बनाया गया तो उनकी उम्र 48 वर्ष 1 महीना और 22 दिन थी।
9. मध्यप्रदेश की पहली महिला मुख्यमंत्री और मध्यप्रदेश की 15 वीं सीएम साध्वी उमा भारती भी महिला सीएम की सूची में आती हैं और भारतीय जनता पार्टी की दिग्गज नेता मानी जाती थी। उनका जन्म 3 मई 1959 में हुआ था। राजनीति में कदम रखने के बाद उमा भारती आठ दिसंबर 2003 में मध्य प्रदेश की सीएम बनी थी। जब साध्वी उमा भारती मध्यप्रदेश की सीएम बनी थी तब उनकी उम्र 44 वर्ष 7 महीने 5 दिन थी।
3. उत्तर प्रदेश की ही एक महिला नेता थी जो उत्तर प्रदेश की सीएम बनी थी और उसका नाम था नंदनी सत्पथी, जो उत्तर प्रदेश की प्रदेश की दूसरी महिला सीएम थी। इस महिला मुख्यमंत्री का जन्म 9 जून 1931 में हुआ था और उन्होंने पहली बार 14 जून 1972 में सीएम पद की शपथ ग्रहण की थी। जब नंदनी सत्पथी ने पहली बार सीएम की शपथ ग्रहण की तो वह 41 वर्ष 5 महीने और 24 दिन की थी।
5. शीला दीक्षित दिल्ली ही नहीं पुरे भारत में सबसे अधिक समय के लिए एक महिला सीएम के रूप में दिल्ली में कार्यरत रही। शीला दीक्षित ने राजीव गाँधी के समय राजनीति में कदम रखे और उनका जन्म 31 मार्च 1938 में हुआ था। शीला दीक्षित ने जब पहली बार 3 दिसंबर 1998 में दिल्ली का का मुख्यमंत्री पद ग्रहण किया था तब वह 59 वर्ष 11 महीने और 3 दिन की थी।
6. वी एन जानकी रामचंद्रन तमिलनाडु की प्रथम और महिला सीएम और चौथे नंबर की सीएम थी। वह एक मशहूर अभिनेत्री भी थी। वी एन जानकी रामचंद्रन का जन्म 23 सितम्बर 1924 में हुआ था। अभिनेता में अपना नाम चमकाने के बाद जब वह सात जनवरी 1988 में तमिलनाडु की पहली महिला सीएम बनी तब उनकी आयु 63 वर्ष 3 महीने और 15 दिन थी।
7. तमिलनाडु की जानी मानी एआईडीएमके की के नाम भारत में सबसे ज्यादा बार सीएम बनने का रिकॉर्ड कायम है जिन्होंने 6 बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ग्रहण की थी। तमिलनाडु की दूसरी महिला नेता और सीएम का जन्म 24 फरवरी 1948 था। अभिनय साथ जब राजनीति में आई तो उन्हें 14 मई 2001 में तमिलनाडु बनाया गया। जयराम जयललिता जब पहली बार तमिलनाडु की सीएम बनी तो उनकी उम्र 53 वर्ष 2 महीने और 20 दिन थी।
8. पंजाब की एकमात्र महिला सीएम रही राजिंदर कौर भट्ठल भी महिला नेता की सूची में आती है। वह इंडियन नेशनल कांग्रेस की महिला नेता है राजिंदर कौर भट्ठल का जन्म 30 सितम्बर 1948 में हुआ था। जब राजिंदर कौर भट्ठल को 21 नवंबर 1996 में पंजाब की पहली महिला सीएम बनाया गया तो उनकी उम्र 48 वर्ष 1 महीना और 22 दिन थी।
9. मध्यप्रदेश की पहली महिला मुख्यमंत्री और मध्यप्रदेश की 15 वीं सीएम साध्वी उमा भारती भी महिला सीएम की सूची में आती हैं और भारतीय जनता पार्टी की दिग्गज नेता मानी जाती थी। उनका जन्म 3 मई 1959 में हुआ था। राजनीति में कदम रखने के बाद उमा भारती आठ दिसंबर 2003 में मध्य प्रदेश की सीएम बनी थी। जब साध्वी उमा भारती मध्यप्रदेश की सीएम बनी थी तब उनकी उम्र 44 वर्ष 7 महीने 5 दिन थी।
10 पश्चमी बंगाल की पहली और वर्तमान भारत की महिला सीएम ममता बनर्जी जो आज तक अविवाहित सीएम पद पर आसीन हैं का जन्म पांच जनवरी 1955 में हुआ था। राजनीति में नाम कमाने के बाद ममता बनर्जी पहली बार 20 मई 2011 में वेस्ट बंगाल सीएम बनी थी। जब ममता बनर्जी पहली बार पश्चमी बंगाल की मुख्यमंत्री बनी तब वह 56 वर्ष 4 महीने और 15 दिन की उम्र की थी।
11. सैयदा अनवरा तैमूर आसाम की आठवीं और असम की पहली महिला मुख्यमंत्री थी। आसाम की एकमात्र मुश्लिम सीएम बनने का गौरव भी उन्हें ही जाता है। सैयदा अनवरा तैमूर इंडियन नेशनल कांग्रेस की लीडर थी और उनका जम 24 नवंबर 1936 में हुआ था। सैयदा अनवरा तैमूर ने असम की पहली Female सीएम के रूप में 8 दिसंबर 1980 में शपथ ग्रहण की थी। जब वह आसाम की मुख्यमंत्री बनी थी तब उनकी आयु 46 वर्ष थी।
12 . बिहार राज्य की 21 वीं सीएम बनने का रिकॉर्ड लालू प्रसाद रादव की पत्नी राबड़ी देवी के नाम है। राबड़ी देवी ने बिहार के मुख्यमंत्री पद की तीन बार शपथ ग्रहण की थी। राबड़ी देवी का जन्म 1 जनवरी 1955 में हुआ था। राजनैतिक घटनाक्रम में जब राबड़ी देवी पहली बार 25 जुलाई 1997 में बनी। जब राबड़ी देवी पहली बार सीएम बनी तब राबड़ी देवी की उम्र 42 वर्ष 6 महीने और 24 दिन थी।
13. राजस्थान में अशोकगहलोत के बाद वसुंधरा राजे राजस्थान की 13 वीं मुख्यमंत्री बनी थी। भारतीय जनता पार्टी की नेता वसुंधरा राजे का जन्म 8 मार्च 1953 में बॉम्बे में हुआ था। अटल बिहारी वाजपेई के समय कैबिनेट मिनिस्टर रह चुकी वसुंधरा राजे दो बार राजस्थान की सीएम बनी थी। 8 दिसंबर 2003 में जब वसुंधरा राजे पहली बार राजस्थान की मुख्यमंत्री बनी थी तब उनकी उम्र 50 वर्ष और 9 महीने थी।
11. सैयदा अनवरा तैमूर आसाम की आठवीं और असम की पहली महिला मुख्यमंत्री थी। आसाम की एकमात्र मुश्लिम सीएम बनने का गौरव भी उन्हें ही जाता है। सैयदा अनवरा तैमूर इंडियन नेशनल कांग्रेस की लीडर थी और उनका जम 24 नवंबर 1936 में हुआ था। सैयदा अनवरा तैमूर ने असम की पहली Female सीएम के रूप में 8 दिसंबर 1980 में शपथ ग्रहण की थी। जब वह आसाम की मुख्यमंत्री बनी थी तब उनकी आयु 46 वर्ष थी।
12 . बिहार राज्य की 21 वीं सीएम बनने का रिकॉर्ड लालू प्रसाद रादव की पत्नी राबड़ी देवी के नाम है। राबड़ी देवी ने बिहार के मुख्यमंत्री पद की तीन बार शपथ ग्रहण की थी। राबड़ी देवी का जन्म 1 जनवरी 1955 में हुआ था। राजनैतिक घटनाक्रम में जब राबड़ी देवी पहली बार 25 जुलाई 1997 में बनी। जब राबड़ी देवी पहली बार सीएम बनी तब राबड़ी देवी की उम्र 42 वर्ष 6 महीने और 24 दिन थी।
13. राजस्थान में अशोकगहलोत के बाद वसुंधरा राजे राजस्थान की 13 वीं मुख्यमंत्री बनी थी। भारतीय जनता पार्टी की नेता वसुंधरा राजे का जन्म 8 मार्च 1953 में बॉम्बे में हुआ था। अटल बिहारी वाजपेई के समय कैबिनेट मिनिस्टर रह चुकी वसुंधरा राजे दो बार राजस्थान की सीएम बनी थी। 8 दिसंबर 2003 में जब वसुंधरा राजे पहली बार राजस्थान की मुख्यमंत्री बनी थी तब उनकी उम्र 50 वर्ष और 9 महीने थी।
14. भारत के दक्षिण राज्य जम्मू और कश्मीर में भी एकमात्र महिला मुख्यमंत्री रही है जिसका नाम मेहबूबा मुफ़्ती है और वह जम्मू कश्मीर की 4 अप्रैल 2015 में बनी थी। महबूबा मुफ़्ती का जन्म 22 मई 1959 में हुआ था। महबूबा मुफ़्ती 55 वर्ष और 10 महीने थी।